अगर किसी का किसी कारण से पेशाब गाढ़ा हो जाता है ,तब शरीर में पथरी बनना शुरू हो जाती है। पहले छोटे - छोटे दाने बनते हैं बाद में दाने बढ़ जातें है ,जिसे पथरी कहते हैं। पथरी का दर्द कभी-कभी बर्दाश्त से बाहर हो जाता है । पथरी होने पर पेशाब करने में बहुत दिक्कत होती है और कई बार पेशाब रूक जाता है। पथरी होने की कोई आयु नहीं होती है। यह किसी भी आयु में हो सकती है। हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से पथरी को तोड़ने के उपायों के बारे में जानकारी देंगे।कई बार यह बीमारी अनुवांशिक भी हो सकती है।
. पथरी तोड़ने के उपाय ÷
1.नारियल के पानी से पथरी में फायदा होता है। पथरी होने पर नारियल का पानी पीने से पथरी बाहर निकल जाती है। 2. 15 दाने बडी इलायची के एक चम्मच खरबूजे के बीज की गिरी और दो चम्मच मिश्री , एक कप पानी में मिलाकर सुबह-शाम दो बार पीने से पथरी बाहर निकल जाती है। 3. पका हुआ जामुन पथरी से निजात दिलाने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। पथरी होने पर पका हुआ जामुन खाना चाहिए। 4. ऑवल भी पथरी में बहुत फायदा करता है। ऑवलें का चूर्ण मूली के साथ खाने से मूत्राशय कि पथरी निकल जाती है। 5. जीरे और चीनी को समान मात्रा में पीसकर एक चम्मच ठंडे पानी से रोज तीन बार लेने से लाभ होता है और पथरी बाहर निकल जाती है। 6. सहजन की सब्जी खाने से गुर्दे की पथरी टूटकर बाहर निकल जाती है। आम के पते छांव में सुखाकर बहुत बारीक पीस लें और आठ ग्राम रोज पानी के साथ लीजिए। पथरी टूटकर कर बाहर निकलने में मदद मिलती है। 7. मिश्री , सौंफ , धनिया लेकर 50 - 50 ग्राम की मात्रा में लेकर डेढ़ लीटर पानी में रात को भिगोकर रख दीजिए। अगली शाम को इनको पानी से छानकर पीस लीजिए और पानी में मिलाकर एक धोल बना लीजिए। इस धोल को पीजिए। पथरी निकल जाएगी। 8. चाय , काॅफी व अन्य पेय पदार्थ जिसमें कैफ़ीन पाया जाता है। उन पेय पदार्थों का सेवन बिलकुल मत कीजिए। हो सकें कोल्डड्रिंक ज्यादा से ज्यादा पीजिए। 9. तुलसी के बीज का हिमजीरा दानेदार शक्कर व दूध के साथ लेने से मूत्र में फंसी पथरी निकल जाती है। 10. जीरे को मिश्री की चासनी अथवा शहद के साथ लेने पर पथरी घुलकर पेशाब के साथ निकल जाती है। 11. बेल पत्थर को ज़रा - सा पानी मिलाकर घिस लें। इसमें एक साबुत मिर्च डालकर सुबह काली मिर्च के साथ खाएं। दुसरे दिन काली मिर्च दो कर लें। तीसरे दिन तीन ऐसे ही सात काली मिर्चों तक पहुंचे । इस पथरी में फायदा मिलेगा। 12. 8वें दिन से काली मिर्चों की संख्या घटानी शुरू कर दें। फिर एक तक आ जाएं। दो सप्ताह के इस प्रयोग से पथरी समाप्त हो जाती है। याद रखें एक बेल पत्थर दो से तीन दिन तक चलेगा। 13. पथरी होने पर ज्यादा से ज्यादा पानी पीना चाहिए। शरीर में पानी की कमी होने से गुर्दे में पानी कम छनता है। पानी कम छनने से शरीर में मौजूद कैल्शियम यूरिक एसिड और दूसरे पथरी बनाने वाले तत्व गुर्दे में फंसे जातें हैं जो बाद में धीरे-धीरे पथरी का रूप ले लेंते है। . नोट ÷ इस आर्टिकल में बताई गई जानकारी घर में मौजूद चीजों के द्वारा बनाई जा सकती है। खासकर ये सभी सामग्री रसोई में प्रयोग होने वाली है। यदि यह जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो अन्य लोगों तक शेयर जरुर करना। ताकि और लोगों को भी जो पथरी की समस्या से परेशान हैं लाभ मिल सकें। ✍️ मंजीत सनसनवाल 🤔